“जब नगांव की माता के दरबार में भक्ति ने ओढ़ी उत्सव की चुनरी”।
एक दिन के लिए मंदिर नहीं, पूरा परिसर मानो माता के दरबार में तब्दील हो गया था, जहां भक्ति ने संगीत का हाथ थामा और श्रद्धा ने उत्सव का रूप ले लिया।

डिंपल शर्मा,
नगांव, 9 जून 2026/असम.समाचार
नगांव की अधिष्ठात्री देवी के रूप में विख्यात दुर्गा मंदिर का स्थापना दिवस इस वर्ष भक्ति, संगीत और श्रद्धा के अद्भुत संगम के रूप में मनाया गया। श्री कृष्णाश्रम शिव मंदिर स्थित दुर्गा मंदिर परिसर सोमवार को पूरे दिन “जय माता दी” के जयघोष और भजनों की मधुर स्वर लहरियों से गुंजायमान रहा। जय अम्बे सत्संग समिति के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में श्रद्धालुओं ने माता के चरणों में अपनी आस्था अर्पित की।

मंदिर परिसर को आकर्षक फूलों से सजाया गया तथा माता रानी का विशेष श्रृंगार किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मोहित बंका एवं कृष्णा बंका द्वारा सपत्नीक विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर किया गया। इसके बाद समिति की सदस्याओं ने अखंड कीर्तन का शुभारंभ किया।
अखंड कीर्तन में कांता भरतीया, यशोदा माहेश्वरी, मीना धाणीवाल, तुलसी बंका, उमा चौधरी, लक्ष्मी बिदासरिया, लता शोभासरिया, हर्षदा सोलंकी, राजू धानुका, बबीता शर्मा, मंजू शर्मा, पूर्णिमा देवी मोर, मंजू शोभासरिया, उषा देवी पोद्दार, सुलोचना तोदी, मंजू खेतावत, उर्मिला सिंह, प्रमिला अग्रवाल, इंदु देवी अग्रवाल एवं राजू देवी गिनोड़िया सहित जय अम्बे सत्संग समिति की सभी महिला सदस्याओं ने सक्रिय भागीदारी निभाते हुए कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
दोपहर बाद आयोजित भजन संध्या श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रही। सुप्रसिद्ध भजन गायक अरुण नागरका ने गणेश वंदना के साथ कार्यक्रम की शुरुआत की और एक से बढ़कर एक भजनों की प्रस्तुति देकर माहौल को भक्तिमय बना दिया। इस अवसर पर स्नेहा शर्मा, दीपिका वर्मा, आदित्री पाल, पत्रकार अजय महतो, यतिन्द्र उपाध्याय, अनिल प्रजापत तथा मुकेश पोद्दार ने भी माता के भजनों की प्रभावशाली प्रस्तुतियां देकर उपस्थित श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। सभी कलाकारों का फूलाम गमछा भेंट कर सम्मान किया गया।
सांयकाल माता को गजरा एवं चुनड़ी अर्पण करने की विशेष रस्म भी संपन्न हुई। इस दौरान पायल दुग्गड़ और प्रकृति अग्रवाल ने मनोहारी नृत्य प्रस्तुत किया। वहीं समिति की सदस्याओं ने भी सामूहिक नृत्य के माध्यम से माता को चुनरी अर्पित की। इस प्रस्तुति का गायन समिति अध्यक्ष मुकेश पोद्दार एवं अरुण नागरका ने किया।
कार्यक्रम के दौरान माता रानी को छप्पन भोग अर्पित किया गया, जिसके बाद श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण किया गया। संध्या 7 बजे महाआरती के साथ पूरे आयोजन का समापन हुआ।

समिति के अध्यक्ष मुकेश पोद्दार ने कार्यक्रम की सफलता के लिए सभी सदस्याओं, कलाकारों, श्रद्धालुओं एवं समाजबंधुओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि जय अम्बे सत्संग समिति द्वारा दुर्गा मंदिर का स्थापना दिवस स्थापना काल से ही निरंतर श्रद्धा और उत्साह के साथ आयोजित किया जाता रहा है।
एक दिन के लिए मंदिर नहीं, पूरा परिसर मानो माता के दरबार में तब्दील हो गया था, जहां भक्ति ने संगीत का हाथ थामा और श्रद्धा ने उत्सव का रूप ले लिया।



