असमधर्म और आस्थासामाजिक

गरीबों की मदद को आगे आई ‘आशा-प्रत्याशा’ संस्था, धुबरी श्मशान में लगाया आधुनिक लकड़ी का चूल्हा

राजा शर्मा,

धुबरी, 28 सितंबर 2025/असम.समाचार

समाजसेवा के क्षेत्र में तेजी से पहचान बना रही संस्था ‘आशा-प्रत्याशा’ ने अपने एक और सराहनीय कदम से लोगों का दिल जीत लिया है। धुबरी शमशान घाट पर साफ-सफाई का जिम्मा उठाने के बाद अब संस्था ने वहां एक आधुनिक लकड़ी का चूल्हा स्थापित करने की पहल की है, जिसकी लागत लगभग 2 लाख बताई गई है।

संस्था के विपुल भोराली प्रेसिडेंट,असीम कुमार बख्शी सेक्रेटरी ,नानी गोपाल पाल कैशियर ,डॉक्टर तापस मजूमदार और अन्य विशिष्ट सदस्यों ने बताया कि इस चूल्हे का मुख्य उद्देश्य गरीब परिवारों को कम खर्च में दाह संस्कार की सुविधा उपलब्ध कराना है। इस चूल्हे में पारंपरिक चूल्हों की तुलना में बहुत कम लकड़ी लगती है और इसे चलाने के लिए किसी विशेषज्ञ की आवश्यकता भी नहीं होती।

संस्था ने यह भी बताया कि कुछ दिन पहले ही इसका उद्घाटन किया जाना था, लेकिन प्रसिद्ध गायक जुबिन गर्ग के निधन के कारण कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया। अब आज संस्था धुबरी श्मशान मंदिर को यह आधुनिक चूल्हा औपचारिक रूप से सौंप रही है।

‘आशा-प्रत्याशा’ समिति ने कहा कि अगर भविष्य में किसी गरीब परिवार के पास लकड़ी खरीदने तक के पैसे न हों, तो संस्था पूर्ण सहयोग करेगी। समिति ने साफ किया कि आगे भी ऐसे मानवसेवा के कार्य लगातार जारी रहेंगे।

स्थानीय लोगों ने संस्था की इस पहल की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा कि इससे समाज में सेवा और सहयोग की भावना को नई दिशा मिलेगी।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!