असम

मुख्यमंत्री ने ‘सेवा सेतु पोर्टल’ पर मूल निवासी और स्वदेशी नागरिकों को हथियार लाइसेंस देने की योजना की शुरुआत की

हमारे मूल निवासी और स्वदेशी नागरिकों को कई बार सूक्ष्म और स्थानीय स्तर की सुरक्षा चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। यह योजना उन्हें आत्मरक्षा के लिए कानूनी साधन प्रदान करेगी

विकास शर्मा

गुवाहाटी 14 अगस्त 2025/असम.समाचार

असम के दूरस्थ और संवेदनशील क्षेत्रों में रहने वाले मूल निवासी व स्वदेशी भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्व शर्मा ने आज ‘सेवा सेतु पोर्टल’ पर हथियार लाइसेंस जारी करने की विशेष योजना का शुभारंभ किया। कार्यक्रम का आयोजन लोक सेवा भवन, दिसपुर में किया गया।

मुख्यमंत्री ने बताया कि यह योजना नागरिक सुरक्षा, पारदर्शी शासन और स्वदेशी व मूल निवासी नागरिकों के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। 28 मई 2025 को कैबिनेट द्वारा इस योजना को मंजूरी दी गई थी और बाद में सरकार ने इसे अधिसूचित किया। योजना के तहत ऐसे मूल निवासी और स्वदेशी नागरिक, जिन्हें अपने क्षेत्र की भौगोलिक व सामाजिक-राजनीतिक परिस्थितियों के कारण जीवन व सुरक्षा पर वास्तविक खतरा है, हथियार लाइसेंस के लिए आवेदन कर सकेंगे।

आवेदन प्रक्रिया में विस्तृत पुलिस जांच, स्थानीय स्तर पर पूछताछ, आपराधिक पृष्ठभूमि और सामाजिक-आर्थिक स्थिति का आकलन शामिल होगा। लाइसेंस जारी करने से पहले वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की सिफारिश और ‘आर्म्स एक्ट 1959’ तथा ‘आर्म्स रूल्स 2016’ के पूर्ण अनुपालन को सुनिश्चित किया जाएगा।

मुख्यमंत्री डॉ. शर्मा ने कहा, “हमारे मूल निवासी और स्वदेशी नागरिकों को कई बार सूक्ष्म और स्थानीय स्तर की सुरक्षा चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। यह योजना उन्हें आत्मरक्षा के लिए कानूनी साधन प्रदान करेगी।” उन्होंने स्पष्ट किया कि यह योजना नागरिकों को पुलिस के पहुँचने से पहले स्वयं प्रथम प्रतिक्रिया देने में सक्षम बनाएगी, विशेषकर दूरस्थ इलाकों में।

उन्होंने जनता से इस सुविधा का जिम्मेदारी से उपयोग करने की अपील करते हुए कहा कि योजना में दुरुपयोग रोकने के लिए सख्त निगरानी, समय-समय पर समीक्षा और कानूनी सुरक्षा प्रावधान किए गए हैं।

इस अवसर पर पर्यावरण एवं वन मंत्री चंद्र मोहन पटवारी, जल संसाधन मंत्री व जनसंपर्क मंत्री पियुष हजारिका, राजस्व मंत्री केशब महंत, पीएचई मंत्री जयंत मल्लबरुआ, शिक्षा मंत्री डॉ. रनोज पेगु, गृह व राजनीतिक विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अजय तिवारी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

 

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!